टाइटैनिक पनडुब्‍बी में मौत के आखिरी पल.
09:31 AMJune 24, 2023

टाइटैनिक पनडुब्‍बी में मौत के आखिरी पल.

वॉशिंगटन: ओशिन गेट की 22 फुट लंबी पनडुब्‍बी टाइटन अटलांटिक सागर में डूब गई है। इसमें सवार सभी पांच लोगों की मौत हो गई हैं। मौत कितनी दर्दनाक होगी, इसका आप और हम बस अंदाजा ही लगा सकते हैं। जो पांच लोग डूबकर मरे हैं, उनकी लाश तक नहीं मिल सकती है। अमेरिकी नौसेना के डॉक्‍टर रहे एक रिटायर्ड ऑफिसर ने बताया है कि इस छोटी सी पनडुब्‍बी में मौत के आखिरी पल कैसे रहे होंगे। यकीन मानिए जो कुछ भी उन्‍होंने बताया है उसे जानकर आपके भी रोंगटे खड़े हो जाएंगे। जो कुछ भी इन डॉक्‍टर ने बताया है उसे जानकर आपके दिमाग में बनने वाली तस्‍वीर काफी डरावनी होने वाली है।

रोबोट को दिखे टुकड़े
यूएस नेवी के रिटायर्ड हाई रैंकिंग डॉक्‍टर की मानें तो पनडुब्‍बी में सवार पांचों लोगों की मौत सिर्फ कुछ मिलीसेकेंड्स में ही हो गई होगी। इस पनडुब्‍बी का मलबा टाइटैनिक जहाज के मलबे से 1600 फीट की दूरी पर मिला है। इस पनडुब्‍बी के अंदर यात्री कुचल दिए गए होंगे। इन लोगों ने कभी ऐसी कल्‍पना भी नहीं की होगी कि उन्‍हें ऐसी मौत मिलेगी। गुरुवार को समुद्र की सतह से लगभग दो मील नीचे गहरे समुद्र में मौजूद एक रोबोट ने टूटे हुए पनडुब्बी के बड़े टुकड़ों को देखा था। मलबे की खोज से पता चलता है कि रविवार को टाइटैनिक जहाज के मलबे से नीचे उतरते समय ही सबमर्सिबल में एक भयानक विस्फोट हो गया था।


स्विच ऑन, स्विच ऑफ
डेली मेल ने अमेरिकी नौसेना के साथ काम कर चुके अंडर सी मेडिसिन एंड रेडिएशन हेल्‍थ के पूर्व डायरेक्‍टर डॉक्‍टर डेल मोले के हवाले से मौत के आखिरी पलों के बारे में बताया है। उन्‍होंने बताया है कि टाइटन क्रू ने अपने दुखद अंतिम क्षणों में क्या-क्‍या अनुभव किया होगा। मोले के मुताबिक यह सब इतना अचानक हुआ होगा कि उन्हें पता भी नहीं चला होगा कि कहीं कोई समस्या थी या फिर उनके साथ क्या हुआ या हो रहा है। उन्‍होंने कहा, 'यह ऐसा ही है जैसे आप वहां पर एक मिनट रुके और फिर स्विच बंद कर दिया गया। एक मिलीसेकंड के लिए आप जिंदा हैं और अगले ही मिलीसेकंड में आप मर चुके हैं।'

जैसे फटा हो कोई गुब्‍बारा
डॉ. मोले ने पनडुब्‍बी में हुए विस्फोट की तुलना गुब्बारे के बहुत अधिक फूलने पर उसके फटने से की। उन्‍होंने बताया इस विस्‍फोट में उनके टुकड़े-टुकड़े हो गए होंगे। उनके शब्‍दों में, ' इम्‍प्‍लोशन (अंत: विस्फोट) तब होता है जब दबाव की लहर अंदर की ओर होती है, जबकि एक्‍सप्‍लोजन (विस्फोट) तब होता है जब दबाव की लहर या शॉक वेव किसी भी बाहरी स्‍त्रोत से आती हैं।' उन्‍होंने आगे कहा, जब कोई खाली सोडा कैन पर खड़ा होता है तो यह आपके वजन को संभाल लेगा लेकिन अगर आप किनारों पर दबाव डालेंगे तो कैन तुरंत ही ढह जाएगा।'

नीचे पहुंचते ही विस्‍फोट
उनका कहना था कि सबमर्सिबल को पानी के अंदर मौजूद दबाव को झेलने के लिए डिजाइन किया जाता है। सतह से 12,500 फीट नीचे जहां दबाव समुद्र तल से करीब 400 गुना ज्‍यादा दबाव होता है। मोले ने कहा है कि प्रेशर हल यानी दबाव पतवार वह जगह है जहां पर ये सभी लोग बैठे थे। उनके मुताबिक ऐसा लगता है जैसे ही वे नीचे तक पहुंचे और पनडुब्‍बी फट गई।

Related Articles

CURRENT AFFAIRS SPECIAL
10 Oct 202612:40 PM

CURRENT AFFAIRS SPECIAL

? TODAY CURRENT AFFAIRS — 6 OCTOBER 2026
06 Oct 202601:56 PM

? TODAY CURRENT AFFAIRS — 6 OCTOBER 2026

✈️ Flydubai Flight FZ1073 में बड़ा हादसा टला! हवा में Pilot पर हमला, 34,000 फीट से अचानक नीचे गिरा विमान
02 Oct 202601:12 PM

✈️ Flydubai Flight FZ1073 में बड़ा हादसा टला! हवा में Pilot पर हमला, 34,000 फीट से अचानक नीचे गिरा विमान

? 30 सितंबर 2026 | Important Current Affairs
30 Sep 202601:02 PM

? 30 सितंबर 2026 | Important Current Affairs

? आज के Current Affairs | 29 September 2026
29 Sep 202603:10 PM

? आज के Current Affairs | 29 September 2026

भारत का Reusable Rocket Mission ? | Agnibaan RLV को मिली ₹200 करोड़ की बड़ी मदद | Current Affairs 2026
26 Sep 202602:22 PM

भारत का Reusable Rocket Mission ? | Agnibaan RLV को मिली ₹200 करोड़ की बड़ी मदद | Current Affairs 2026